AIMIM: 20 साल बाद जामिया में छात्र संघ चुनाव का ऐलान: AIMIM भी उतारेगी उम्मीदवार, शोएब जमाई ने की घोषणा

AIMIM: 2006 से बंद पड़े छात्र संघ चुनावों की बहाली पर प्रशासन की मुहर के बाद एआईएमआईएम की 'मजलिस स्टूडेंट्स विंग' (MSW) चुनाव लड़ने को तैयार।

AIMIM: जामिया मिल्लिया इस्लामिया (JMI) में लगभग दो दशकों (20 साल) से लंबित पड़े छात्र संघ चुनाव की बहाली के आदेश के बाद कैंपस की छात्र राजनीति गरमा गई है। असदुद्दीन ओवैसी के नेतृत्व वाली ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) ने घोषणा की है कि वह जामिया छात्र संघ चुनाव में अपने उम्मीदवार उतारेगी।

AIMIM दिल्ली अध्यक्ष शोएब जमाई का बयान

AIMIM दिल्ली इकाई के अध्यक्ष शोएब जमाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर जानकारी साझा करते हुए लिखा:

“आखिरकार जामिया में स्टूडेंट यूनियन की बहाली को लेकर उम्मीद जगी है। प्रदर्शन कर रहे AIMIM स्टूडेंट विंग के अध्यक्ष जसीम और जामिया के सभी चाहने वालों को मुबारकबाद! AIMIM पार्टी जामिया में छात्र संघ चुनाव में अपना उम्मीदवार उतारेगी इंशाल्लाह।”

उन्होंने आगे कहा कि 3 साल पहले दिल्ली में AIMIM की छात्र इकाई ‘मजलिस स्टूडेंट्स विंग’ (MSW) का गठन जिस मकसद से किया गया था, वह अब पूरा होने जा रहा है।

छात्रों के आंदोलन के आगे झुका प्रशासन

जामिया कैंपस में पिछले दो हफ्तों से छात्र संघ चुनाव कराने, अनुशासनात्मक कार्रवाई वापस लेने और चुनाव का समयबद्ध कार्यक्रम घोषित करने की मांग को लेकर उग्र आंदोलन चल रहा था। चार छात्र अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे थे, जिनमें मजलिस स्टूडेंट्स विंग के पिछले सत्र के अध्यक्ष जसीम खान भी मुख्य चेहरा थे।

बढ़ते दबाव के बीच विश्वविद्यालय प्रशासन ने 26 अक्टूबर 2026 को आदेश जारी किया कि छात्र संघ के नए संविधान को मंजूरी मिलने के 15 दिनों के भीतर चुनाव प्रक्रिया संपन्न करा ली जाएगी।

2006 से भंग था छात्र संघ

गौरतलब है कि जामिया मिल्लिया इस्लामिया में वर्ष 2006 के बाद से छात्र संघ (JMISU) के चुनाव नहीं कराए गए थे। पिछले 20 सालों से विश्वविद्यालय में केवल संकाय (Departmental) स्तर पर ही छात्र निकाय काम कर रहे थे। छात्र लंबे समय से केंद्रीय यूनियन की बहाली की मांग कर रहे थे।

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