नई दिल्ली। पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव की तारीखों के एलान के साथ ही इस बार चुनाव आयोग कोरोना महामारी के चलते पहले से ज्यादा सख्ती बनाए हुए है। चुनाव आयोग ने अब 11 फरवरी तक रैलियों पर प्रतिबंध बढ़ा दिया है। चुनाव आयोग ने 1000 लोगों की अधिकतम क्षमता वाली रैलियों की अनुमति दी है। साथ ही इनडोर आयोजनों में 500 लोगों की अधिकतम क्षमता रखी गई है। डोर-टू-डोर कैंपेन के लिए बीस लोगों को अनुमति दी गई है। आज केंद्रीय चुनाव आयोग ने रैलियों और रोड शो के ऊपर प्रतिबंध को लेकर वर्चुअली समीक्षा बैठक की थी। चुनाव वाले राज्यों यानी यूपी, पंजाब, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर के मुख्य चुनाव अधिकारी और स्वास्थ्य सचिव इस बैठक में शामिल हुए थे। इसके बाद चुनाव आयोग ने फैसला लिया कि अब 500 की जगह 1000 लोगों की सभा की जा सकती है। इसके अलावा डोर टु डोर कैंपेन अब 10 की जगह 20 लोगों के साथ कर सकते हैं। वहीं इनडोर बैठक (बंद जगह होने वाली मीटिंग) में 300 की जगह 500 लोग शामिल हो सकते हैं। चुनाव आयोग ने पिछली बैठक में प्रथम और दूसरे चरण के लिए रैली की इजाजत दी थी, लेकिन 500 की संख्या सीमित की थी।कोरोना के मामलों में वृद्धि के बीच चुनाव आयोग ने 22 जनवरी को फिजिकल रैलियों और रोड शो पर प्रतिबंध को 31 जनवरी तक बढ़ा दिया था। चुनाव आयोग ने पहले 15 जनवरी तक चुनावी रैलियों और रोड शो पर रोक लगाई थी और बाद में इसे 22 जनवरी तक बढ़ा दिया था। आज की तारीख में कोरोना प्रतिबंधों के साथ निर्दिष्ट खुले स्थानों पर प्रचार के लिए सुरक्षा कर्मियों और वीडियो वैन को छोड़कर, डोर टू डोर कैंपेन के लिए पांच से दस व्यक्तियों की सीमा रखी गई थी।
Related Articles

September 15, 2026
18
Rajasthan Civic Polls: भरतपुर-डीग निकाय चुनाव में निर्दलीयों का जलवा, BJP-कांग्रेस दोनों को चुनौती

September 15, 2026
15

