Tech: ऑनलाइन खरीदारी से लेकर वेबसाइट विजिट तक, Meta तक पहुंच रही आपकी एक्टिविटी; ऐसे चेक करें डेटा
Tech: Facebook या Instagram के अलावा दूसरी वेबसाइट्स और ऐप्स से भी Meta को मिल सकती है आपकी गतिविधि की जानकारी, नई प्राइवेसी सेटिंग से डेटा के इस्तेमाल को करें मैनेज
Tech: अगर आपने किसी ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट पर कोई सामान खरीदा या सिर्फ उसे देखा और कुछ समय बाद Facebook या Instagram पर उसी तरह के प्रोडक्ट के विज्ञापन नजर आने लगे, तो इसके पीछे आपकी वेबसाइट एक्टिविटी का इस्तेमाल हो सकता है। Meta के मुताबिक, दूसरी कंपनियां अपनी वेबसाइट और ऐप पर यूजर्स की गतिविधि से जुड़ी कुछ जानकारी उसके साथ शेयर करती हैं।
इस तरह की जानकारी में ऑनलाइन खरीदारी या दूसरी वेबसाइट एक्टिविटी शामिल हो सकती है। Meta का कहना है कि वह पहले से दूसरी कंपनियों द्वारा साझा की गई इस जानकारी का इस्तेमाल विज्ञापनों को पर्सनलाइज करने के लिए करता रहा है। अब कंपनी इसी डेटा का इस्तेमाल Feed और AI responses में दिखने वाले कंटेंट को पर्सनलाइज करने के लिए भी कर रही है।
Facebook इस्तेमाल न करने पर भी पहुंच सकता है डेटा
आपकी ऑनलाइन गतिविधि सिर्फ Facebook या Instagram के इस्तेमाल तक सीमित नहीं है। दूसरी वेबसाइट्स और ऐप्स पर किए गए कुछ कामों की जानकारी भी संबंधित कंपनियां विज्ञापन और अन्य उद्देश्यों के लिए Meta जैसी टेक्नोलॉजी कंपनियों के साथ शेयर कर सकती हैं।
उदाहरण के लिए, अगर आपने किसी वेबसाइट पर जूते, कपड़े या कोई इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदा है, तो उस बिजनेस की ओर से आपकी गतिविधि से जुड़ी जानकारी Meta तक पहुंच सकती है। इसी तरह किसी वेबसाइट पर गेम खेलने या दूसरी गतिविधि करने की जानकारी भी शेयर की जा सकती है।
Meta ने बदली डेटा कंट्रोल की व्यवस्था
Meta ने जून 2026 में अपने डेटा कंट्रोल सिस्टम में बदलाव की घोषणा की है। कंपनी ने बताया कि “Your activity off Meta technologies” नाम की पुरानी सेटिंग को बंद किया जा रहा है और इसके बजाय “Activity from other businesses” विकल्प को विस्तार दिया जा रहा है।
पहले “Your activity off Meta technologies” के जरिए यूजर्स यह देख सकते थे कि कौन-कौन से बिजनेस उनकी गतिविधि की जानकारी Meta के साथ शेयर कर रहे हैं और जरूरत पड़ने पर कुछ गतिविधि को डिस्कनेक्ट या क्लियर कर सकते थे।
अब किस सेटिंग में मिलेगा कंट्रोल?
नई व्यवस्था में Activity from other businesses सेटिंग अहम है। Meta के मुताबिक, इस विकल्प के जरिए यूजर्स यह मैनेज कर सकते हैं कि दूसरी कंपनियों से मिलने वाली गतिविधि की जानकारी का इस्तेमाल उनके लिए पर्सनलाइज्ड विज्ञापन और अन्य कंटेंट दिखाने में किया जाए या नहीं।
अगर यूजर इस डेटा के इस्तेमाल की अनुमति देता है तो Meta उसके लिए अधिक प्रासंगिक विज्ञापन और कंटेंट दिखाने के लिए इसका इस्तेमाल कर सकता है। अनुमति नहीं देने पर इस जानकारी का इस्तेमाल पर्सनलाइज्ड विज्ञापन या अन्य कंटेंट को अधिक प्रासंगिक बनाने के लिए नहीं किया जाएगा।
Settings तक कैसे पहुंचें?
Facebook या Instagram में डेटा और प्राइवेसी से जुड़े कई विकल्प Accounts Center में मिलते हैं। Meta ने 2023 में भी कई डेटा कंट्रोल्स को Accounts Center में शिफ्ट किया था, ताकि Facebook और Instagram से जुड़ी जानकारी को एक जगह से मैनेज किया जा सके।
यूजर्स अपने Facebook या Instagram की सेटिंग्स खोलकर Accounts Center में जा सकते हैं। इसके बाद Your Information and Permissions से जुड़े विकल्पों में उपलब्ध डेटा और एक्टिविटी सेटिंग्स को देखा जा सकता है। नए इंटरफेस में Activity from other businesses विकल्प दिखाई दे सकता है।
ध्यान रखें कि Meta के नए बदलाव धीरे-धीरे अलग-अलग देशों और यूजर्स तक पहुंच रहे हैं, इसलिए सभी अकाउंट्स में सेटिंग का नाम या स्थान एक जैसा दिखाई देना जरूरी नहीं है।
क्या Meta नया डेटा इकट्ठा कर रहा है?
Meta ने अपने जून 2026 के अपडेट में कहा है कि इस बदलाव के तहत वह नया डेटा इकट्ठा नहीं कर रहा है। कंपनी पहले से दूसरी कंपनियों की ओर से शेयर की जा रही जानकारी के इस्तेमाल के तरीके में बदलाव कर रही है।
यानी बदलाव का फोकस इस बात पर है कि पहले से साझा की गई गतिविधि की जानकारी का इस्तेमाल यूजर के अनुभव को पर्सनलाइज करने के लिए किस तरह किया जाएगा।
Facebook और Instagram पर प्राइवेसी कैसे जांचें?
यूजर्स Privacy Checkup जैसे विकल्पों के जरिए भी अपनी प्राइवेसी सेटिंग्स की समीक्षा कर सकते हैं। इसमें प्रोफाइल की जानकारी, ऐप्स और वेबसाइट्स से जुड़े एक्सेस तथा विज्ञापन से संबंधित विकल्पों की जांच की जा सकती है।
अगर आपने किसी थर्ड-पार्टी ऐप या वेबसाइट में Facebook के जरिए लॉगिन किया है, तो समय-समय पर उससे जुड़ी परमिशन की समीक्षा करना भी उपयोगी है।
विज्ञापन क्यों दिख रहा है, यह भी पता कर सकते हैं
Facebook पर किसी विज्ञापन को देखकर अगर आप जानना चाहते हैं कि वह आपको क्यों दिखाया गया, तो Meta के प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध विज्ञापन संबंधी जानकारी और सेटिंग्स की समीक्षा की जा सकती है। Meta ने पहले भी “Why Am I Seeing This?” जैसे विकल्प के जरिए विज्ञापन दिखाए जाने के कारणों और उपलब्ध कंट्रोल की जानकारी देने की व्यवस्था की थी।
डेटा कंट्रोल करते समय इन बातों का रखें ध्यान
ऑनलाइन प्राइवेसी के लिए सिर्फ Meta की सेटिंग बदलना ही पर्याप्त नहीं है। किसी वेबसाइट या ऐप पर अकाउंट बनाते समय उसकी डेटा और प्राइवेसी पॉलिसी पढ़ना भी जरूरी है।
इसके अलावा जिन ऐप्स या वेबसाइट्स की जरूरत नहीं है, उनसे जुड़े अकाउंट और परमिशन की समय-समय पर समीक्षा की जा सकती है। खासकर थर्ड-पार्टी वेबसाइट पर सोशल मीडिया अकाउंट से लॉगिन करने से पहले यह देखना उपयोगी है कि वह कौन-सी जानकारी मांग रही है।
Meta के मौजूदा बदलाव का मतलब यह है कि दूसरी कंपनियों से पहले से मिलने वाली गतिविधि की जानकारी अब विज्ञापनों के साथ-साथ Feed और AI responses को पर्सनलाइज करने के लिए भी इस्तेमाल की जा सकती है। ऐसे में Facebook और Instagram यूजर्स के लिए अपनी डेटा सेटिंग्स की नियमित समीक्षा करना पहले से ज्यादा महत्वपूर्ण हो गया है।



