Maharashtra Politics: महाराष्ट्र में CM पद को लेकर बयानबाजी, गुलाबराव पाटिल के बयान पर संजय राउत का पलटवार
जलगांव की दशहरा रैली में गुलाबराव पाटिल ने एकनाथ शिंदे के फिर मुख्यमंत्री बनने की उम्मीद जताई। संजय राउत ने बयान पर सवाल उठाते हुए देवेंद्र फडणवीस सरकार को घेरा।
Maharashtra Politics: महाराष्ट्र की राजनीति में एकनाथ शिंदे के दोबारा मुख्यमंत्री बनने की संभावना को लेकर बयानबाजी शुरू हो गई है। शिवसेना (शिंदे गुट) के मंत्री गुलाबराव पाटिल ने जलगांव की दशहरा रैली में शिंदे के फिर से मुख्यमंत्री बनने की उम्मीद जताई। साथ ही उन्होंने कहा कि एकनाथ शिंदे से टकराने वाला बर्बाद हो जाएगा। उनके इस बयान पर शिवसेना (UBT) के सांसद संजय राउत ने सवाल उठाए और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से जवाब मांगा।
राउत ने आरोप लगाया कि इस तरह की भाषा धमकी देने जैसी है। उन्होंने राज्य सरकार और गृह विभाग की जिम्मेदारी पर भी सवाल उठाए। हालांकि, लॉरेंस बिश्नोई गैंग से मंत्रिमंडल के लोगों के संबंध होने का उनका दावा एक राजनीतिक आरोप है; उपलब्ध सामग्री में इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं दी गई है।
गुलाबराव पाटिल ने क्या कहा था?
जलगांव में आयोजित दशहरा रैली को संबोधित करते हुए गुलाबराव पाटिल ने कहा कि उन्होंने देवी जगदंबा से प्रार्थना की है कि एकनाथ शिंदे आने वाले दिनों में फिर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बनें और किसानों के जीवन में खुशहाली लाएं। उन्होंने भरोसा जताया कि शिंदे दोबारा इस पद पर पहुंचेंगे।
पाटिल ने शिंदे की योजनाओं और फैसलों का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हीं की वजह से पार्टी के कई नेता विधायक और मंत्री बने। इसके बाद उन्होंने कहा कि एकनाथ शिंदे से टकराने वाला बर्बाद हो जाएगा। उनके इस बयान को मुख्यमंत्री पद को लेकर चल रही राजनीतिक चर्चाओं से जोड़कर देखा जा रहा है।
संजय राउत ने फडणवीस सरकार को घेरा
गुलाबराव पाटिल के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए संजय राउत ने कहा कि यदि किसी मंत्री की ओर से यह कहा जा रहा है कि एकनाथ शिंदे के मुख्यमंत्री बनने के रास्ते में आने वाले व्यक्ति को खत्म कर दिया जाएगा, तो यह गंभीर मामला है। उन्होंने सवाल उठाया कि राज्य के मुख्यमंत्री और गृह विभाग की जिम्मेदारी संभालने वाले देवेंद्र फडणवीस इस तरह के बयान पर क्या कार्रवाई करेंगे।
राउत ने आरोप लगाया कि फडणवीस मंत्रिमंडल में लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े लोग बैठे हैं। उन्होंने सवाल किया कि ऐसी स्थिति में निशाने पर कौन होगा और क्या मुख्यमंत्री को भी इस तरह की धमकियों का सामना करना पड़ेगा।
यहां ध्यान देने वाली बात है कि राउत का लॉरेंस बिश्नोई गैंग से मंत्रिमंडल के लोगों के संबंध होने का आरोप है। इसे किसी स्थापित तथ्य या आधिकारिक जांच के निष्कर्ष के तौर पर पेश नहीं किया जा सकता। उपलब्ध रिपोर्ट में इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं है।
महाराष्ट्र में मुख्यमंत्री पद पर फिर चर्चा
महाराष्ट्र में मुख्यमंत्री पद को लेकर नेताओं के बयान राजनीतिक चर्चा को तेज कर रहे हैं। गुलाबराव पाटिल ने एकनाथ शिंदे के दोबारा मुख्यमंत्री बनने की उम्मीद जताई है, लेकिन उनके बयान से यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि मुख्यमंत्री पद में बदलाव का कोई आधिकारिक फैसला हो चुका है।
पाटिल ने अपनी पार्टी के विधायकों की संख्या का भी जिक्र किया। उनके मुताबिक, शिवसेना के पास 60 विधायक हैं और विधान परिषद सदस्यों को मिलाकर यह संख्या 73 होती है। सहयोगी विधायकों को जोड़ने पर उन्होंने आंकड़ा करीब 85 से 86 तक बताया। ये आंकड़े पाटिल के बयान के अनुसार हैं।
फिलहाल इस पूरे विवाद के केंद्र में दो बातें हैं—एकनाथ शिंदे को लेकर गुलाबराव पाटिल की मुख्यमंत्री पद संबंधी उम्मीद और उनके बयान पर संजय राउत की तीखी प्रतिक्रिया। आगे यह देखना अहम होगा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस या सत्तारूढ़ गठबंधन के अन्य नेता इस विवाद पर कोई प्रतिक्रिया देते हैं या नहीं।



