Yogi Adityanath: गांधी जयंती पर बापू को नमन, सीएम योगी ने उनके विचारों को बताया राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा
Yogi Adityanath: जीपीओ स्थित गांधी प्रतिमा पर अर्पित किए श्रद्धासुमन, स्कूली बच्चों ने भजनों से दी भावपूर्ण प्रस्तुति
Yogi Adityanath: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 157वीं जयंती पर शुक्रवार को राजधानी लखनऊ में विभिन्न कार्यक्रमों के जरिए उन्हें याद किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जीपीओ स्थित गांधी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान स्कूली बच्चों ने गांधीजी से जुड़े भजनों और गीतों की प्रस्तुति देकर कार्यक्रम को भावपूर्ण बना दिया। मुख्यमंत्री ने बच्चों की प्रस्तुतियों का श्रवण किया।
सत्य और अहिंसा के संदेश को किया स्मरण
गांधी जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों को अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस की शुभकामनाएं दीं। अपने संदेश में उन्होंने महात्मा गांधी को नमन करते हुए सत्य और अहिंसा के मार्ग पर उनके योगदान को याद किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि महात्मा गांधी ने स्वदेशी और अहिंसा के माध्यम से स्वतंत्रता आंदोलन को व्यापक जनभागीदारी से जोड़ने का संदेश दिया। उन्होंने बापू के आदर्शों, सादगी और विचारों को आज भी प्रासंगिक बताया।
विकसित भारत के संकल्प से जोड़े गांधी के आदर्श
मुख्यमंत्री ने कहा कि गांधीजी के विचार केवल स्वतंत्रता आंदोलन तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वर्तमान समय में भी उनसे समाज और राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा ली जा सकती है। उन्होंने बापू की सादगी और आत्मनिर्भरता की सोच को विकसित एवं आत्मनिर्भर भारत के निर्माण से जोड़ा।
गांधीजी की जयंती 2 अक्टूबर को देशभर में मनाई जाती है। संयुक्त राष्ट्र ने भी इसी तारीख को अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के रूप में मान्यता दी है।
‘रघुपति राघव’ और ‘वैष्णव जन’ से गूंजा कार्यक्रम
जीपीओ स्थित गांधी प्रतिमा के पास आयोजित कार्यक्रम में स्कूली बच्चों ने ‘रघुपति राघव राजा राम’, ‘वह शक्ति हमें दो दयानिधे’ और ‘वैष्णव जन तो तेने कहिए’ सहित कई भजनों और गीतों की प्रस्तुति दी।
बच्चों की इन प्रस्तुतियों के जरिए गांधीजी के जीवन, उनके मूल्यों और अहिंसा के संदेश को याद किया गया। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान इन प्रस्तुतियों को सुना।
गांधीजी की सादगी और विचारों पर जोर
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में गांधीजी के जीवन की सादगी और उनके सिद्धांतों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बापू के विचार समाज को सत्य, अहिंसा और स्वदेशी की दिशा में प्रेरित करते हैं।
गांधी जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री की ओर से जारी संदेश में उनके आदर्शों को आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण के लिए मार्गदर्शक बताया गया।
कार्यक्रम में शामिल हुए जनप्रतिनिधि
पुष्पांजलि कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, कैबिनेट मंत्री राकेश सचान, राज्यसभा सांसद ब्रजलाल, लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल और विधान परिषद सदस्य डॉ. महेंद्र सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
कार्यक्रम में मुकेश शर्मा, लालजी प्रसाद निर्मल, रामचंद्र प्रधान, पवन सिंह चौहान, डॉ. नीरज बोरा, राजेश्वर सिंह, जय देवी और अमरेश कुमार भी उपस्थित रहे।
इसके अलावा राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव और भाजपा महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी समेत अन्य लोग भी कार्यक्रम में शामिल हुए।
गांधी जयंती पर अहिंसा और शांति का संदेश
गांधी जयंती के अवसर पर लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में श्रद्धांजलि के साथ बापू के उन मूल्यों को भी याद किया गया, जिनमें सत्य, अहिंसा, सादगी और स्वदेशी प्रमुख रहे हैं। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश के जरिए इन विचारों को वर्तमान समय में भी उपयोगी बताया।
2 अक्टूबर को गांधी जयंती के साथ अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के रूप में भी मनाया जाता है, जो गांधीजी के अहिंसा के सिद्धांत की वैश्विक विरासत को रेखांकित करता है।


