Politics: दिल्ली में विपक्षी नेताओं पर पुलिस का शिकंजा, ममता बनर्जी-केजरीवाल समेत कई नेता हिरासत में
Politics: साउथ एवेन्यू में विरोध प्रदर्शन के बीच दिल्ली पुलिस की कार्रवाई, TMC ने उठाए सवाल; केजरीवाल बोले- तानाशाही से डरने वाले नहीं
Politics: राजधानी दिल्ली में विपक्षी दलों के प्रदर्शन के बीच सियासी हलचल तेज हो गई है। तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख ममता बनर्जी और आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल समेत कई नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, साउथ एवेन्यू में प्रदर्शन कर रहे TMC नेताओं के खिलाफ दिल्ली पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) ने कार्रवाई की। इसके बाद AAP के कई नेताओं को भी हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई।
इस घटनाक्रम के बाद विपक्षी दलों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। TMC ने इसे शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन के अधिकार से जुड़ा मुद्दा बताते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा, जबकि केजरीवाल ने सोशल मीडिया के जरिए अपनी प्रतिक्रिया दी।
ममता बनर्जी के साथ TMC के चार अन्य नेता भी हिरासत में
साउथ एवेन्यू में प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने ममता बनर्जी के अलावा TMC सांसद डेरेक ओ’ब्रायन, डोला सेन, प्रतिमा मंडल और समीरुल इस्लाम को भी हिरासत में लिया। रिपोर्ट के अनुसार, सभी नेताओं को प्रिजन वैन में बैठाकर पुलिस स्टेशन ले जाया गया।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस और सुरक्षाबलों की मौजूदगी के बीच कार्रवाई की गई। हालांकि, हिरासत में लिए गए नेताओं को किस आधार पर ले जाया गया और उन्हें कब तक रखा जाएगा, इस बारे में उपलब्ध रिपोर्ट में विस्तृत जानकारी नहीं दी गई है।
केजरीवाल ने सोशल मीडिया पर सरकार को घेरा
इसी घटनाक्रम के दौरान AAP प्रमुख अरविंद केजरीवाल को भी दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया। उनके साथ पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज और दुर्गेश पाठक को भी हिरासत में लिए जाने की खबर है।
कार्रवाई के बाद केजरीवाल ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट करते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा, “मोदी जी की तानाशाही से हम डरने वाले नहीं हैं।” उनके इस बयान के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया।
TMC ने पूछा- शांतिपूर्ण प्रदर्शन पर कार्रवाई क्यों?
TMC ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट जारी कर दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर आपत्ति जताई। पार्टी ने सवाल किया कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने वालों को हिरासत में लेना सामान्य बात कैसे हो सकती है।
पार्टी का आरोप है कि प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने के बजाय उनके खिलाफ कार्रवाई की गई। TMC ने इस घटनाक्रम को लोकतांत्रिक मूल्यों और विरोध के अधिकार से जोड़ते हुए पुलिस के कदम पर सवाल खड़े किए।
‘मो-शाह की जोड़ी’ पर भी साधा निशाना
TMC ने अपनी पोस्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टैग करते हुए केंद्र सरकार की आलोचना की। पार्टी ने ‘मो-शाह की जोड़ी’ का उल्लेख करते हुए कहा कि कोई भी सरकार जवाबदेही से ऊपर नहीं हो सकती और सत्ता स्थायी नहीं होती।
TMC ने इस कार्रवाई को ‘लोकतंत्र के लिए काला दिन’ बताते हुए कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा। पार्टी की इस प्रतिक्रिया ने हिरासत की कार्रवाई को लेकर राजनीतिक बहस को और तेज कर दिया।
दिल्ली की कार्रवाई से बढ़ी सियासी गर्मी
ममता बनर्जी और केजरीवाल जैसे विपक्षी नेताओं को हिरासत में लिए जाने की खबर के बाद दिल्ली में राजनीतिक गतिविधियां चर्चा में आ गई हैं। TMC ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं, जबकि केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर हमला बोला है।
फिलहाल, पुलिस की कार्रवाई के विस्तृत कारणों और हिरासत में लिए गए नेताओं की आगे की स्थिति को लेकर अधिक जानकारी सामने आना बाकी है। आने वाले समय में इस मामले पर विपक्षी दलों और संबंधित अधिकारियों की प्रतिक्रियाएं महत्वपूर्ण रहेंगी।



