Controversy: राष्ट्रपति से मुलाकात पर राहुल गांधी के दावे से भड़की भाजपा, सुधांशु त्रिवेदी ने उठाए सवाल

Controversy: ‘वोट चोरी’ के आरोपों पर विपक्ष के ज्ञापन के बाद बढ़ा राजनीतिक विवाद, भाजपा ने कांग्रेस पर संवैधानिक पदों को सियासी बहस का हिस्सा बनाने का लगाया आरोप

Controversy: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से विपक्षी गठबंधन INDIA के नेताओं की मुलाकात के बाद कांग्रेस और भाजपा के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के इस दावे पर भाजपा ने आपत्ति जताई है कि राष्ट्रपति ने विपक्ष की ओर से लगाए गए कथित ‘वोट चोरी’ के आरोपों को खारिज नहीं किया। भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने राहुल गांधी के बयान को गलत बताते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता राजनीतिक फायदे के लिए संवैधानिक संस्थाओं को विवाद में ला रहे हैं।

विपक्षी प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार शाम राष्ट्रपति से मुलाकात कर चुनावी प्रक्रिया से संबंधित अपनी चिंताओं को लेकर ज्ञापन सौंपा था। मुलाकात के बाद राहुल गांधी ने कहा कि राष्ट्रपति ने विपक्ष की बातें सुनीं और आरोपों से जुड़े सबूत मांगे। इसी बयान को लेकर भाजपा ने कांग्रेस पर निशाना साधा है।

‘राष्ट्रपति के बयान की गलत व्याख्या कर रहे राहुल’

भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने राहुल गांधी के दावे पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राष्ट्रपति ने विपक्ष के आरोपों को स्वीकार कर लिया, ऐसा कहना उचित नहीं है। उन्होंने कांग्रेस नेता पर दुर्भावनापूर्ण राजनीति करने का आरोप लगाया।

त्रिवेदी के अनुसार, राहुल गांधी के बयान से ऐसा लगता है कि वह हर संवैधानिक संस्था को राजनीतिक विवाद का हिस्सा बनाने की कोशिश कर रहे हैं। भाजपा ने उनके दावे को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि इस तरह की टिप्पणियों से संस्थाओं की भूमिका को लेकर अनावश्यक विवाद पैदा होता है।

राहुल गांधी ने क्या कहा था?

राष्ट्रपति से मुलाकात के बाद राहुल गांधी ने कहा था कि उन्हें यह देखकर हैरानी हुई कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कथित ‘चुनाव चोरी’ के आरोपों को सीधे तौर पर खारिज नहीं किया। उन्होंने दावा किया कि राष्ट्रपति ने विपक्षी नेताओं की बातों को सुना और उनसे आरोपों के समर्थन में सबूत मांगे।

राहुल गांधी के मुताबिक, विपक्षी गठबंधन सबूत उपलब्ध कराने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि जब राष्ट्रपति उन्हें स्वीकार करने के लिए तैयार होंगी, तब INDIA गठबंधन की ओर से संबंधित प्रमाण सौंप दिए जाएंगे।

हालांकि, राहुल गांधी के इस बयान को भाजपा ने अलग तरीके से पेश किए जाने का आरोप लगाते हुए खारिज कर दिया।

विपक्ष ने राष्ट्रपति को सौंपा चुनावी मुद्दों पर ज्ञापन

INDIA गठबंधन के प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को राष्ट्रपति भवन में द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की थी। इस दौरान विपक्षी नेताओं ने कथित वोट चोरी और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर अपनी चिंताएं रखीं और ज्ञापन सौंपा।

विपक्षी दलों का कहना है कि चुनाव से संबंधित शिकायतों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। राष्ट्रपति से मुलाकात को इन चिंताओं को सर्वोच्च संवैधानिक पद तक पहुंचाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।

भाजपा ने कांग्रेस की राजनीतिक मंशा पर उठाए सवाल

सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि राष्ट्रपति से हुई बातचीत के बारे में राहुल गांधी की टिप्पणी को तथ्यात्मक रूप से सही नहीं माना जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता अपने राजनीतिक अभियान के लिए इस मुलाकात का इस्तेमाल कर रहे हैं।

भाजपा की ओर से यह भी कहा गया कि किसी संवैधानिक पदाधिकारी के साथ हुई बैठक को राजनीतिक दावों की पुष्टि के रूप में प्रस्तुत करना उचित नहीं है। इस बयान के बाद दोनों दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप और तेज हो गए हैं।

‘वोट चोरी’ विवाद पर आगे भी टकराव के आसार

चुनावी प्रक्रिया को लेकर विपक्ष के आरोप और भाजपा की प्रतिक्रिया के बीच राजनीतिक तनाव बढ़ता दिखाई दे रहा है। कांग्रेस और उसके सहयोगी दल इस मुद्दे पर अपनी बात रख रहे हैं, जबकि भाजपा विपक्ष के दावों पर सवाल उठा रही है।

फिलहाल विवाद राष्ट्रपति से मुलाकात के बाद राहुल गांधी के बयान और भाजपा की ओर से उसकी व्याख्या को लेकर है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर दोनों पक्षों की ओर से और बयान सामने आने की संभावना है।

 

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