Delhi Air Pollution: दिल्ली-NCR में प्रदूषण का प्रचंड प्रहार, नोएडा-गुरुग्राम की हवा बेहद खराब; सांस लेना हुआ मुश्किल

Delhi Air Pollution: देश के कई महानगरों में भी वायु गुणवत्ता चिंताजनक, दिल्ली में AQI 674, नोएडा में 788 और गुरुग्राम में 808 दर्ज होने का दावा

Delhi Air Pollution: देश के प्रमुख महानगरों में वायु प्रदूषण का बढ़ता स्तर लोगों की चिंता बढ़ा रहा है। खासतौर पर दिल्ली-NCR में हवा की गुणवत्ता को लेकर हालात गंभीर बने हुए हैं। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली का AQI 674, नोएडा का लाइव AQI 788 और गुरुग्राम का AQI 808 दर्ज किया गया। इन आंकड़ों ने क्षेत्र में प्रदूषण की भयावह स्थिति की ओर ध्यान खींचा है।

दिल्ली-NCR के अलावा देश के दूसरे बड़े शहरों में भी वायु गुणवत्ता का स्तर संतोषजनक नहीं बताया गया है। हालांकि, इन शहरों में प्रदूषण का स्तर दिल्ली-NCR के मुकाबले अलग-अलग दर्ज किया गया। विशेषज्ञों के अनुसार, प्रदूषित हवा के संपर्क में लंबे समय तक रहने से सांस संबंधी परेशानियां बढ़ सकती हैं। बच्चों, बुजुर्गों और पहले से सांस की बीमारी से जूझ रहे लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।

नोएडा में PM2.5 और PM10 का स्तर भी चिंताजनक

उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, नोएडा में PM2.5 का स्तर 470 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर और PM10 का स्तर 513 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज किया गया। यहां तापमान 28 डिग्री सेल्सियस, आर्द्रता 23 प्रतिशत और हवा की गति 10.1 किलोमीटर प्रति घंटा बताई गई।

इन महानगरों में भी प्रदूषण का असर

देश के अन्य प्रमुख शहरों में भी वायु गुणवत्ता के आंकड़े चिंता पैदा कर रहे हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, कोलकाता में AQI 182, हैदराबाद में 172, पुणे में 167, अहमदाबाद में 164, मुंबई में 152, चेन्नई में 122 और बेंगलुरु में 102 दर्ज किया गया।

इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि देश के अलग-अलग हिस्सों में वायु गुणवत्ता की स्थिति एक जैसी नहीं है। कुछ शहरों में प्रदूषण का स्तर अपेक्षाकृत कम है, जबकि दिल्ली-NCR में स्थिति अधिक गंभीर बताई जा रही है।

प्रदूषण से बचाव के लिए सावधानी जरूरी

खराब हवा के बीच लोगों को अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचना चाहिए। बाहर जाते समय उपयुक्त मास्क का इस्तेमाल करना और घरों में धूल तथा धुएं के प्रवेश को कम रखना उपयोगी हो सकता है। सांस लेने में परेशानी, लगातार खांसी या सीने में जकड़न महसूस होने पर चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए।

महत्वपूर्ण आंकड़ा-संबंधी नोट: CPCB के सामान्य AQI पैमाने की अधिकतम सीमा 500 है। इसलिए दिल्ली के 674, नोएडा के 788 और गुरुग्राम के 808 जैसे आंकड़ों को प्रकाशित करने से पहले संबंधित मॉनिटरिंग स्टेशन, समय और डेटा स्रोत की पुष्टि जरूरी है। इन्हें सामान्य CPCB AQI रीडिंग के रूप में बिना स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं करना चाहिए।

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